भारत का राजनीतिक भविष्य 2024-2047: लोकतंत्र या सत्तावाद?
यह फीचर्ड इमेज भारत के लोकतंत्र और जनता की भागीदारी को दर्शाती है, जो 2024 से 2047 तक के राजनीतिक भविष्य की झलक प्रस्तुत करती है।
Study resources, career guidance, and exam prep support for students.
यह फीचर्ड इमेज भारत के लोकतंत्र और जनता की भागीदारी को दर्शाती है, जो 2024 से 2047 तक के राजनीतिक भविष्य की झलक प्रस्तुत करती है।
भारत के वे शीर्ष 10 नेता जिन्होंने गरीबी और कठिन संघर्ष को पार कर देश की राजनीति में इतिहास रचा। इनके प्रेरक जीवन की गाथा हर भारतीय के लिए प्रेरणा है।
भारतीय राजनीति में परिवारवाद बनाम मेहनत एक अहम बहस है। यह फीचर्ड इमेज लोकतंत्र की उस चुनौती को दर्शाती है जहाँ राजनीतिक परिवार और मेहनतकश युवा नेताओं के बीच संतुलन की लड़ाई चल रही है। भारतीय लोकतंत्र की असली कसौटी यही है कि जनता परिवारवाद से परे मेहनत को कितना महत्व देती है।
भारत में संसदीय प्रणाली 1950 से लागू है, लेकिन राजनीतिक अस्थिरता और गठबंधन की कमजोरियों ने राष्ट्रपति प्रणाली पर बहस तेज़ कर दी है। यह लेख विस्तार से बताता है कि राष्ट्रपति प्रणाली भारत के लिए कितनी उपयोगी हो सकती है, इसके फायदे, नुकसान और अर्ध-राष्ट्रपति प्रणाली जैसे विकल्प क्या समाधान पेश करते हैं।
सती प्रथा को अक्सर हिंदू धर्म से जोड़ा जाता है, लेकिन क्या यह सच में धार्मिक परंपरा थी या केवल एक सामाजिक कुरीति? इस लेख में हम सती प्रथा के इतिहास, तथ्यों, मिथकों और इसके सामाजिक-राजनीतिक संदर्भों का गहन विश्लेषण करेंगे।
गांधी, नेहरू और पटेल – तीनों नेताओं की उपस्थिति भारतीय राजनीति के संघर्ष और एकता की झलक दिखाती है।
2045 की एक भविष्यवादी झलक जिसमें इंसान और AI रोबोट साथ काम कर रहे हैं – सहयोग और अनिश्चितता का प्रतीक
भारत के लोकतंत्र के सामने सबसे बड़ी चुनौतियों में परिवारवाद (Dynastic Politics) और क्षेत्रवाद (Regionalism) की राजनीति शामिल है। गांधी परिवार से लेकर क्षेत्रीय दलों जैसे शिवसेना, समाजवादी पार्टी, तृणमूल कांग्रेस और डीएमके तक – वंशवाद और क्षेत्रवाद संविधान की मूल भावना के खिलाफ खड़े होते हैं। यह लेख विस्तार से बताता है कि परिवार आधारित और क्षेत्रीय पार्टियां कैसे लोकतंत्र को कमजोर करती हैं और संविधान के अनुच्छेदों का उल्लंघन करती हैं।
यह लेख नेहरू और पटेल के बीच वैचारिक मतभेदों, राजनीतिक जलन और स्वतंत्र भारत के भविष्य पर उनके असर का गहन विश्लेषण करता है। इसमें दोनों नेताओं की सोच, कार्यशैली और ऐतिहासिक फैसलों की तुलना करते हुए पाठकों को एक तथ्यात्मक दृष्टिकोण प्रदान किया गया है।
यह इन्फोग्राफिक मोदी सरकार की IIT विस्तार योजना (IIT Expansion Plan) को दर्शाता है, जिसमें भारत का मानचित्र, नए IIT संस्थान और ₹11,828 करोड़ का बजट शामिल है।